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भारतीय क्रिकेट टीम का प्रदर्शन चिंता की बात
नई दिल्ली: भारतीय क्रिकेट टीम इन दिनों टेस्ट क्रिकेट में कठिनाईयों का सामना कर रही है। गुवाहाटी में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ हो रहे दूसरे टेस्ट मैच में टीम का प्रदर्शन बेहद निराशाजनक रहा है। बैटिंग से लेकर रणनीति तक, हर पहलू पर सवाल उठ रहे हैं। ऐसे में हेड कोच गौतम गंभीर पर उंगलियां उठाई जा रही हैं, लेकिन पूर्व भारतीय खिलाड़ी सुरेश रैना ने स्पष्ट किया है कि हार की जिम्मेदारी खिलाड़ियों की है, कोच की नहीं।
सुरेश रैना ने गौतम गंभीर का बचाव किया
सुरेश रैना ने एक विशेष साक्षात्कार में गंभीर का बचाव करते हुए कहा, “कोच अपना कार्य बखूबी निभा रहे हैं। गौतम गंभीर दो बार विश्व कप जीत चुके हैं और उनके फाइनल में किए गए बड़े प्रदर्शन सराहनीय हैं। कोच एक दिशा दिखा सकते हैं, लेकिन रन बनाने का कार्य खिलाड़ियों का है।”
उन्होंने यह भी याद दिलाया कि “एक साल पहले ही टीम ने चैंपियंस ट्रॉफी जीती थी। इसका अर्थ है कि कोचिंग में कोई कमी नहीं है, बल्कि कमी खिलाड़ियों के प्रदर्शन में है।”
आत्मविश्वास की कमी
रैना के अनुसार, इस समय टीम में सबसे बड़ी समस्या आत्मविश्वास की कमी है। उन्होंने कहा, “हमारे दौर में भी जब सीरीज में पिछड़ते थे, तब भी हमें विश्वास होता था कि हम वापसी कर सकते हैं।”
रैना ने आगे बताया, “इस समय साझेदारियां नहीं बन रही हैं और बल्लेबाज़ गंभीरता नहीं दिखा रहे हैं। प्रेशर में विकेट तेजी से गिर रहे हैं, जिससे स्पष्ट है कि खिलाड़ी खुद पर भरोसा नहीं कर पा रहे हैं।
साउथ अफ्रीका ने दिया बड़ा लक्ष्य
गुवाहाटी टेस्ट में, दक्षिण अफ्रीका ने अपनी दूसरी पारी 260/5 पर घोषित करते हुए भारत को 549 रनों का विशाल लक्ष्य दिया। जवाब में भारत चौथे दिन के खेल के समाप्त होने तक केवल 27 रन पर 2 विकेट खो चुका था।
यशस्वी जायसवाल और केएल राहुल जल्दी आउट हो गए। वही पिच, जिस पर दक्षिण अफ्रीकी बल्लेबाज आसानी से खेल रहे थे, भारतीय बल्लेबाजों के लिए चुनौतीपूर्ण लगने लगी।
खिलाड़ियों की अधिक मैच खेलने की आवश्यकता
रैना ने इस समस्या का सीधा समाधान पेश किया। उनके अनुसार, खिलाड़ियों को अधिक से अधिक मैच खेलने चाहिए। पहले की तरह कैंप लगाने की आवश्यकता है और घरेलू क्रिकेट में रन बनाने पर ध्यान देना चाहिए।
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